Google Analytics Meta Pixel
D-Bastar Division

सुकमा जिले में कोरोना पर प्रभावी नियंत्रण के लिए प्रभारी मंत्री और उद्योग मंत्री ने की जिला प्रशासन की प्रशंसा।

इम्पेक्ट न्यूज़. सुकमा।

कोरोना काल मे बेहतर कार्य करने के लिए प्रभारी मंत्री और उद्योग मंत्री ने जिला प्रशासन की तारीफ की साथ ही आगामी दिनों में और बेहतर तरीके से काम करने की बात कही। वही जिला प्रशासन ने कोरोना को लेकर किये गए कार्यो को बताया साथ ही जिले में चल रहे कार्यो की समीक्षा की गई।

आज राजस्व एवं आपदा प्रबंधन मंत्री तथा सुकमा जिले के प्रभारी मंत्री जयसिंह अग्रवाल और उद्योग मंत्री व स्थानीय विधायक कवासी लखमा ने सुकमा जिले में कोरोना वायरस पर नियंत्रण और विकास कार्यों की समीक्षा वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से की। सांसद दीपक बैज भी लोहण्डीगुड़ा से वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से शामिल हुए।

प्रभारी मंत्री और उद्योग मंत्री ने सुकमा जिले में कोरोना वायरस के प्रभावी रोकथाम के लिए अब तक उठाए गए कदमों की सराहना की और आगे भी निरंतर इस स्थिति को बनाए रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कोरोना नियंत्रण के साथ सुकमा जिले में विकास कार्यों को भी अब गति देने के निर्देश दिए, जिससे आगामी मानसून के पूर्व कार्यों को पूर्ण किया जा सके। मजदूरों की लगातार वापसी को देखते हुए जिले में अधिक से अधिक रोजगारमूलक कार्य करने के निर्देश भी उन्होंने दिए। उन्होंने कहा कि लाॅक डाउन के दौरान गरीब परिवारों के सहयोग के लिए अप्रैल मई और जून माह में निःशुल्क राशन के वितरण की व्यवस्था की गई है तथा इसमें किसी भी प्रकार की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की मंशा सभी के भरपेट भोजन की व्यवस्था करना है, इसलिए राज्य शासन द्वारा इन तीन माह में अतिरिक्त राशन की व्यवस्था भी शासन द्वारा की गई है। गरीबों के राशन की हेराफेरी करने वालों के विॅरुद्ध कठोर से कठोर कार्यवाही के निर्देश उन्होंने दिए। कलेक्टर ने बताया कि लगभग 3500 नए राशन कार्ड जारी किए गए हैं और नए राशन कार्ड बनाए जाने का कार्य निरंतर जारी है।
दूसरे राज्यों से सुकमा जिले में पहुंचने वाले श्रमिकों के संबंध में जानकारी ली और पैदल पहुंचने वाले श्रमिकों के लिए वाहन उपलब्ध कराने तथा संबंधित जिलों तक पहुंचाने में सहायता करने के निर्देश दिए। प्रभारी मंत्री ने कहा कि प्रवासी मजदूर बाहर न घुमें, यह सुनिश्चित करने के लिए कर्मचारियों को तैनात किया जाए।


मजदूरो को ठहरने और भोजन की उचित व्यवस्था – कलेक्टर

चंदन कुमार ने बताया कि राज्य के दूसरे जिलों के मजदूरों को ठहराने और भोजन आदि की व्यवस्था की जा रही है। इसके साथ ही सुकमा जिले के लगभग दो हजार मजदूर वापस आ चुके हैं, जिन्हें होम क्वारंटीन किया गया है। कलेक्टर ने यह भी बताया कि बाहर से आने वाले मजदूरों की ट्रेसिंग की जा रही है। सीमा पर थर्मल स्क्रीनिंग की जा रही है। संदेहास्पद लोगों को क्वारंटीन किया जा रहा है। जिले में कुल 166 क्वारंटीन सेंटर बनाए गए हैं, जिनमें 1185 लोगों को रखा गया है। अब तक 311 लोगों का आरटीपीसीआर के लिए नमूना जगदलपुर स्थित मेडिकल काॅलेज भेजा गया था। जांच के बाद सभी नेगेटिव पाए गए। आरडी किट से 340 लोगों की जांच की गई और सभी नेगेटिव पाए गए। प्रभारी मंत्री ने वनोपज खरीदी के संबंध में जानकारी ली और वनोपज विक्रय में आने वाली सभी समस्याओं के तत्काल निराकरण के निर्देश दिए। उन्होंने अधिक से अधिक मात्रा में तेंदूपत्ता संग्रहण का निर्देश भी दिया। प्रभारी मंत्री द्वारा वापसी करने वाले मजदूरों को स्थानीय स्तर पर रोजगार उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने बताया कि लगभग 29 हजार मजदूरों को प्रतिदिन रोजगार उपलब्ध कराया जा रहा है और छत्तीसगढ़ शासन के महत्वपूर्ण कार्यक्रम नरवा, गरवा, घुरवा, बाड़ी का कार्य संचालित किया जा रहा है। स्थानीय ग्रामीणों द्वारा इस वर्ष बाड़ियों में बड़ी मात्रा में सब्जी उत्पादन किया गया। लगभग 600 टन सब्जी उत्पादन के कारण लाॅक डाउन के दौरान भी जिले में किसी भी प्रकार से सब्जी की कमी महसूस नहीं की गई, जबकि आमतौर पर सुकमा जिले में ओड़ीसा से बड़ी मात्रा में सब्जी की आवक होती थी। गौठानों को मल्टीएक्टीविटी सेंटर के रुप में विकसित किया जा रहा है।

बिजली विभाग को मिली शाबाशी

प्रभारी मंत्री एवं उद्योग मंत्री ने जिले में संचालित विकास कार्यों की समीक्षा के दौरान गोलापल्ली जैसे दुर्गम व नक्सल क्षेत्र में सफलतापूर्वक विद्युतीकरण के लिए जिला प्रशासन और बिजली विभाग को बधाई दी। लगभग एक माह बाद जिले में मानसून के आगमन को देखते हुए विकास कार्यों में गति देने के निर्देश दिए।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *