Madhya Pradesh

उज्जैन सिंहस्थ 2028 को लेकर तैयारियां जोरों पर, पर्यटन स्थलों की सूरत, 15 मई से शुरू होगा काम

 इंदौर

उज्जैन सिंहस्थ 2028 (Ujjain Simhastha 2028) को लेकर तैयारियां जोरों पर चल रही हैं। उज्जैन से इंदौर की सबसे अच्छी कनेक्टिविटी होने से सिंहस्थ में लाखों पर्यटक यहीं से गुजरेंगे। इसी के चलते इंदौर के भी प्रमुख पर्यटक स्थलों को संवारा जाएगा। पर्यटन विभाग को इंदौर और उज्जैन संभाग के पर्यटक स्थलों के विकास के लिए 266 करोड़ रुपए मिलेंगे। इसके टेंडर अभी प्रक्रिया में हैं। टेंडर के बाद राजबाड़ा, सभी छत्रियां, लालबाग पैलेस और जाम गेट के सौंदर्यीकरण का काम 65 करोड़ की लागत से लगभग 15 मई से शुरू हो जाएगा।

इंदौर-उज्जैन संभाग पर्यटन के उप संचालक प्रकाश परांजपे के अनुसार 266 करोड़ में से 250 करोड़ केंद्र सरकार, बाकी राज्य सरकार और विभागों द्वारा मंजूर किए गए हैं। इसमें से कुछ टेंडर जारी कर दिए है, बाकी अभी टेंडर प्रक्रिया में है। सभी स्थलों का ज्यादातर विकास कार्य पर्यटन विकास निगम द्वारा किया जाएगा। सभी काम उज्जैन सिंहस्थ से पहले पूरे करने का लक्ष्य है।

लालबाग के भीतर का काम दिल्ली की कंपनी और पुरातत्व विभाग द्वारा पिछले कुछ माह से किया जा रहा है। इसके बाद अब पर्यटन विकास निगम पैलेस के बाहर बाउंड्री वॉल, आउटर गार्डन, सिक्योरिटी गार्ड, फव्वारे सहित ओपन एयर थिएटर, देवी अहिल्या बाई सेंटर फॉर सेल्फ डिफेंस, साइकलिंग व वॉक के लिए ट्रैक भी बनाए जाएंगे। इसके अलावा लाइट एंड साउंड शो भी होगा, जिससे शहर की इस ऐतिहासिक धरोहर के प्रति टूरिस्ट भी आकर्षित होंगे। इसके लिए 45 करोड़ से अधिक खर्च होंगे।

शहर की कृष्णपुरा छत्री, छत्रीबाग, गोलिया सरकार की छत्री सहित अन्य छत्रियों के विकास कार्यों पर भी 2.5 से 3 करोड़ रुपए खर्च किए जाएंगे। यहां सीवेज, लाइट, रंग-बिरंगी लाइट लगाई जाएगी, ताकि अंधेरे में भी छत्री पर्यटकों को आसानी से दिखे। साफ-सफाई, पेड़ों की काट-छाट आदि कार्य किए जाएंगे। इसी तरह जाम गेट के सौंदर्यीकरण का काम भी होगा। सुरक्षा की दृष्टि से सिक्योरिटी गार्ड, तार फेंसिंग कर लगाकर गेट को टूरिस्ट प्लेस के रूप में विकसित किया जाएगा। इसके लिए 50-60 लाख रुपए खर्च किए जाएंगे।

शहर का सबसे मुख्य पर्यटक स्थल राजबाड़ा का सौंदर्यीकरण कुछ माह पहले ही किया गया है, लेकिन स्मार्ट सिटी द्वारा अधूरे छोड़े गए कामों को पूरा किया जाएगा। इसमें दरबार हॉल, बिजली से संबंधित काम, वाटर हार्वेस्टिंग, आउटलेट, टॉयलेट, पानी और मुय स्थानों पर एसी लगाने के काम किए जाएंगे। इसके लिए करीब 12 से 15 करोड़ रुपए खर्च होंगे।