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Wednesday, March 11, 2026
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RaipurState News

छत्तीसगढ़ के शिक्षा मंत्री बृजमोहन अग्रवाल ने दिया इस्तीफा, सांसद बनने के बाद निभाएंगे नई जिम्मेदारी

रायपुर.

छत्तीसगढ़ में भाजपा के सीनियर नेता बृजमोहन अग्रवाल ने बुधवार को विष्णुदेव साय मंत्रिमंडल से इस्तीफा दे दिया। लोकसभा सदस्य निर्वाचित होने के बाद अग्रवाल ने दो दिनों पहले विधायक पद से इस्तीफा दिया था। अग्रवाल (64) ने सोमवार को छत्तीसगढ़ विधानसभा की सदस्यता से इस्तीफा दिया था। हाल में हुए लोकसभा चुनाव में अग्रवाल ने रायपुर सीट पर कांग्रेस के पूर्व विधायक विकास उपाध्याय को 5 लाख75 हजार 285 मतों से हराया था।

अग्रवाल ने बुधवार शाम नवा रायपुर स्थित मंत्रालय में मंत्रिमंडल की बैठक के बाद मुख्यमंत्री विष्णु देव साय को अपना इस्तीफा सौंपा। अग्रवाल राज्य में स्कूल शिक्षा, उच्च शिक्षा, संसदीय कार्य, धार्मिक न्यास एवं धर्मस्व तथा पर्यटन एवं संस्कृति विभाग के मंत्री थे।

विधायक के साथ जीता सांसद का चुनाव
आठ बार विधायक रह चुके अग्रवाल ने पिछले साल विधानसभा चुनाव में रायपुर शहर दक्षिण विधानसभा सीट पर कांग्रेस के अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी के खिलाफ सबसे अधिक 67,719 मतों के अंतर से जीत दर्ज की थी। अग्रवाल राज्य में भाजपा के प्रभावशाली नेताओं में से एक हैं। मंत्री पद से इस्तीफा देने के बाद ‘पीटीआई-वीडियो’ से बातचीत में अग्रवाल ने बताया कि बुधवार को राज्य मंत्रिमंडल की अंतिम बैठक में भाग लेने के बाद उन्होंने मंत्री पद से इस्तीफा दे दिया।

मंत्री पद त्यागने के साथ हुए भावुक
अग्रवाल ने कहा कि मैं 35 साल तक विधायक रहा। मैंने अविभाजित मध्य प्रदेश में तीन साल और छत्तीसगढ़ में 16 साल मंत्री के रूप में लोगों की सेवा की। मैं अधिकारियों, कर्मचारियों, विधायकों और उन सभी लोगों के प्रति आभार व्यक्त करना चाहता हूं, जिन्होंने प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से मेरे साथ काम किया और मेरा समर्थन किया। उन्होंने कहा कि यदि मेरे कार्यकाल के दौरान किसी को मेरी वजह से ठेस पहुंची है तो मैं क्षमा चाहता हूं।
सांसद के तौर पर शुरू करेंगे नई पारी
अग्रवाल ने कहा ‘अब मैं सांसद के तौर पर नयी पारी शुरू करने जा रहा हूं। मैं अपने निर्वाचन क्षेत्र के लोगों को भरोसा दिलाता हूं कि मैं उनके लिए काम करना और उनकी सेवा करना जारी रखूंगा।' बता दें कि लोकसभा चुनाव में भाजपा ने राज्य की 11 लोकसभा सीटों में से 10 पर जीत हासिल की। इस चुनाव में कांग्रेस ने एक सीट पर जीत दर्ज की।